Tuesday, March 26, 2013

तुम रात बचा कर रखना !

वो कहेंगे हम तुम काफ़िर हैं, सुबह के उजाले शातिर हैं!
आँखों में भरेंगे वो सोना, तुम मगर परेशान मत होना !

ख़ामोश सितारों के बीच बुने जज़्बात बचा कर रखना,
पलकों के किनारे फैली थी जो वो रात बचा कर रखना!


 

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